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लेखिका की परदादी के कार्य-व्यवहार से आपको किन जीवन मूल्यों को अपनाने की प्रेरणा मिलती है?-मेरे संग की औरतें’ पाठ के आलोक में लिखिए।

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प्रश्न

लेखिका की परदादी के कार्य-व्यवहार से आपको किन जीवन मूल्यों को अपनाने की प्रेरणा मिलती है?-मेरे संग की औरतें’ पाठ के आलोक में लिखिए।

संक्षेप में उत्तर
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उत्तर

लेखिका की परदादी भी उसकी नानी और माँ के समान लीक से कार्य करने वाली थीं। वे अपने कार्यव्यवहार से पाठ में वर्णित स्त्रियों में एक अलग स्थान बनाती हैं। उनके कार्यव्यवहार से हमें निम्नलिखित जीवन मूल्यों को अपनाने की प्रेरणा मिलती है-

  • परदानशीं की अपरिग्रह की आदत से दूसरों की मदद की प्रेरणा।
  • उनके कार्य व्यवहार से दूसरों के प्रति सदय एवं संवेदनशील बनने की प्रेरणा।
  • गैर-रवायती मन्नत माँगने के कार्य से लड़कियों को समान अवसर देने की प्रेरणा।
  • राह से भटके लोगों के साथ उदारतापूर्वक एवं मानवीयता भरा व्यवहार करके उन्हें सुधरने का अवसर देने की प्रेरणा।
  • किसी को दंड देकर प्रभावित करने की कोशिश के स्थान पर स्नेहपूर्ण व्यवहार द्वारा अपना बना लेने की प्रेरणा मिलती है।
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गद्य (Prose) (Class 9 A)
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 2: मेरे संग की औरतें - अतिरिक्त प्रश्न

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एनसीईआरटी Hindi Kritika bhag 1 [English] Class 9
अध्याय 2 मेरे संग की औरतें
अतिरिक्त प्रश्न | Q 10

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