Advertisements
Advertisements
प्रश्न
कुंजड़िन से बोला बेचारा ज्यों-त्यों कुछ समझाकर
इस पंक्ति को ऐसे भी लिख सकते हैं –
बेचारा ज्यों-त्यों कुछ समझाकर कुंजड़िन से बोला।
अब इसी तरह इस पंक्ति को फिर से लिखो –
वह खाता ही रहा मिर्च की छीमी को सिसियाते।
________________________
Advertisements
उत्तर
वह मिर्च की छीमी को सिसियाते खाता ही रहा।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
काबुलीवाले को सब्ज़ी बेचने वाली की भाषा अच्छी तरह समझ नहीं आती थी। इसलिए उसे अपनी बात समझाने में बड़ी मुश्किल हुई। चलो, देखते हैं तुम अपनी बात बिना बोले अपने साथी को कैसे समझाते हो? नीचे लिखे वाक्य अलग-अलग पर्चियों मे लिख लो। एक पर्ची उठाओ। अब यह बात तुम्हें अपने साथी को बिना कुछ बोले समझानी है–
- मुझे बहुत सर्दी लग रही है।
- बिल्ली दूध पी रही है, उसे भगाओ।
- मेरे दाँत में दर्द है।
- चलो, बाज़ार चलते हैं।
- अरे, ये तो बहुत कड़वा है।
- चोर उधर गया है, चलो उसे पकड़ें।
- पार्क में चलकर खेलेंगे।
- मुझे डर लग रहा है।
- उफ़ ये बदबू कहाँ से आ रही है।
- अहा! लगता है कहीं हलवा बना है।
काबुलीवाले ने कहा – अगर ये लाल चीज़ खाने की है, तो मुझे भी दे दो।
सब्ज़ी बेचने वाली ने कहा – हाँ, ये तो सब खाते हैं।ले लो।
इस तरह बेचारा काबुलीवाला मिर्च खा बैठा। तुम्हारे हिसाब से काबुलीवाले को मिर्च देखने के बाद क्या पूछना चाहिए था?
मुँह सारा जल उठा और आँखों में जल भर आया।
यहाँ जल शब्द को दो अर्थो में इस्तेमाल किया गया है।
जल – जलना
जल – पानी
इसी तरह नीचे दिए गए शब्द के भी दो अर्थ हैं।
इस शब्द का इस्तेमाल करते हुए एक-एक वाक्य बनाओ पर ध्यान रहे-
- वाक्य में वह शब्द दो बार आना चाहिए
- दोनों बार उस शब्द का मतलब अलग निकलना चाहिए। (जैसे ऊपर दिए गए वाक्य में जल)
मगर - ____________
मुँह सारा जल उठा और आँखों में जल भर आया।
यहाँ जल शब्द को दो अर्थो में इस्तेमाल किया गया है।
जल – जलना
जल – पानी
इसी तरह नीचे दिए गए शब्द के भी दो अर्थ हैं।
इस शब्द का इस्तेमाल करते हुए एक-एक वाक्य बनाओ पर ध्यान रहे-
- वाक्य में वह शब्द दो बार आना चाहिए
- दोनों बार उस शब्द का मतलब अलग निकलना चाहिए। (जैसे ऊपर दिए गए वाक्य में जल)
पर - ____________
कविता की वे पंक्ति छाँटकर लिखो जिनसे पता चलता है कि
काबुलीवाला कुछ शब्द अलग तरीके से बोलता था।
________________________
कविता की वे पंक्ति छाँटकर लिखो जिनसे पता चलता है कि
मिर्च बहुत तीखी थी।
____________
कविता की वे पंक्ति छाँटकर लिखो जिनसे पता चलता है कि
काबुलीवाले को मिर्च के बारे में नहीं पता था।
__________________
कविता की वे पंक्ति छाँटकर लिखो जिनसे पता चलता है कि
काबुलीवाले को 25 पैसे की मिर्च चाहिए थी।
अब बताओ –
अठन्नी मतलब ______ आने।
काबुलीवाले ने मिर्च को स्वादिष्ट फल क्यों समझ लिया?
सब्ज़ी बेचने वाली ने क्या सोचकर उसे झोली भर मिर्च दी होगी?
कुंजड़िन से बोला बेचारा ज्यों-त्यों कुछ समझाकर
इस पंक्ति को ऐसे भी लिख सकते हैं –
बेचारा ज्यों-त्यों कुछ समझाकर कुंजड़िन से बोला।
अब इसी तरह इस पंक्ति को फिर से लिखो –
जा तू अपनी राह सिपाही, मैं खाता हूँ पैसा।
________________________
अपने मन से बनाकर एक कविता यहाँ लिखो।
_____________________________
_____________________________
_____________________________
लाल-लाल मिर्च देखकर काबुलीवाले के मुँह में पानी आ गया। तुम्हारे मुँह में किन चीज़ों को देखकर या सोचकर पानी आ जाता है?
______ ______ ______
______ ______ ______
