हिंदी

‘जीवन में डर की जगह सावधानी एवं साहस चाहिए’ विषय पर अपने विचार व्यक्त कीजिए।

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

‘जीवन में डर की जगह सावधानी एवं साहस चाहिए’ विषय पर अपने विचार व्यक्त कीजिए।

विस्तार में उत्तर
Advertisements

उत्तर

भय एक ऐसी भावना है, जो मनुष्य को निर्बल बना देती है, जबकि साहस वह भावना है, जो व्यक्ति के आत्मविश्वास और हौसलों को नई उड़ान देती है। मनुष्य को अपने जीवन में भय को छोड़कर साहस और सतर्कता को अपनाना चाहिए। उसे हर कार्य साहस तथा पूरी सावधानी के साथ करना चाहिए। सावधानी रखने से व्यक्ति के सभी कार्य व्यवस्थित रूप से संपन्न होते हैं। साहस में असंभव कार्यों को भी संभव करने की क्षमता होती है। जो व्यक्ति अपने जीवन में साहस को स्थान नहीं देता, वह कभी सफलता प्राप्त नहीं कर पाता। जीवन में अनेक सफल लोग हुए हैं, जिन्होंने भय के बजाय सतर्कता और साहस को अपनाकर दुनिया में उल्लेखनीय कार्य किए तथा अपने प्रभावशाली व्यक्तित्व से सभी को प्रेरणा दी।

shaalaa.com
दो गजलें
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 2.4: दो गजलें - स्वाध्याय [पृष्ठ ४३]

APPEARS IN

बालभारती Hindi Composite Lokvani [English] Standard 10 Maharashtra State Board
अध्याय 2.4 दो गजलें
स्वाध्याय | Q (६) | पृष्ठ ४३

संबंधित प्रश्न

निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

यहाँ हर शख्स हर पल हादिसा होने से डरता है,
'खिलौना है जो मिट्टी का, फना होने से डरता है।
मेरे दिल के किसी कोने में इक मासूम-सा बच्चा,
बड़ों की देखकर दुनिया बड़ा होने से डरता है।
न बस में जिंदगी इसके, न काबू मौत पर इसका,
'मगर इन्सान फिर भी कब खुदा होने से डरता है।
अजब ये जिंदगी की कैद है, दुनिया का हर इन्साँ,
रिहाई माँगता है और रिहा होने से डरता है।

(1) संजाल पूर्ण कीजिए :  (2)

(2) अंतिम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।  (2)


निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए-

यहाँ हर शख्स हर पल हादिसा होने से डरता है,
खिलौना है जो मिट्टी का, फना होने से डरता है।
मेरे दिल के किसी कोने में इक मासूम सा बच्चा
बड़ों को देखकर दुनिया बड़ा होने से डरता है।
न बस में जिंदगी इसके, न काबू मौत पर इसका,
मगर इन्सान फिर भी कब खुदा होने से डरता है।
अजब ये जिंदगी की कैद है, दुनिया का हर इन्सान,
रिहाई माँगता है और रिहा होने से डरता है।

(1) कृति पूर्ण कीजिए -  (2)

जीवन की विशेषताएँ
1. ______
2. ______
3. ______
4. ______

(2) अंतिम चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।  (2)


कृति पूर्ण कीजिए:


संजाल पूर्ण कीजिए:


कृति में दिए गजल में प्रयुक्त शब्‍दों की उचित जोड़ियाँ क्रमशः अ और आ तालिका में लिखिए:

 आ
---------- ----------
---------- ----------
---------- ----------
---------- ----------

उचित शब्‍द का चयन करते हुए वाक्‍य पूर्ण कीजिए:

(मिट्टी, कैद, बंदी, रिहा, छूटना)

अजब ये जिंदगी की ______ है।


उचित शब्‍द का चयन करते हुए वाक्‍य पूर्ण कीजिए:

(मिट्टी, कैद, बंदी, रिहा, छूटना)

रिहाई माँगता है और ______ होने से डरता है।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×