हिंदी

एक यौगिक में नाइट्रोजन (N) के परमाणु घनीय निविड संकुलित संरचना बनाते हैं और धातु के परमाणु (M) एक तिहाई चतुष्फलकीय रिक्तिकाओं में उपस्थित हैं।

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

एक यौगिक में नाइट्रोजन (N) के परमाणु घनीय निविड संकुलित संरचना बनाते हैं और धातु के परमाणु (M) एक तिहाई चतुष्फलकीय रिक्तिकाओं में उपस्थित हैं। M एवं N द्वारा बने यौगिक का सूत्र ज्ञात कीजिए?

संख्यात्मक
Advertisements

उत्तर

ccp में, प्रति इकाई कोशिका में परमाणुओं की संख्या = 4

अत: चतुष्फलकीय रिक्तियों का = 2 × ccp में परमाणुओं की संख्या

= 2 × 4

= 8

धातु M द्वारा केवल एक तिहाई चतुष्फलकीय रिक्तियों का कब्जा है।

धातु परमाणुओं की संख्या, M = `1/3 xx 8`

m : n = `8/3 : 4` = 2 : 3

इस प्रकार, सूत्र M2N3 है।

shaalaa.com
निविड संकुलित सांरचना
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 1: ठोस अवस्था - अभ्यास [पृष्ठ ११]

APPEARS IN

एनसीईआरटी एक्झांप्लर Chemistry [Hindi] Class 12
अध्याय 1 ठोस अवस्था
अभ्यास | Q III. 62. | पृष्ठ ११

संबंधित प्रश्न

एक अणु की वर्ग निविड संकुलित परत में द्विविमीय उप-सहसंयोजन संख्या क्या होगी?


एक यौगिक षट्कोणीय निविड़ संकुलित संरचना बनाता है। इसके 0.5 मोल में रिक्तियों की संख्या कितनी होगी? उनमें से कितनी रिक्तियाँ चतुष्फलकीय हैं?


निम्नलिखित युग्मों के पदों (शब्दों) में कैसे विभेद करोगे?

चतुष्फलकीय रिक्ति एवं अष्टफलकीय रिक्ति


निम्नलिखित जालक में से एकक कोष्ठिका में कितने जालक बिन्दु होते हैं?

फलक-केन्द्रित चतुष्कोणीय


निम्नलिखित में से किस संकुलित संरचना में धनायन तथा ऋर्णायन के लिए उपसहसंयोजन संख्या समान होगी?


घनीय निविड संकुलन की एकक कोष्ठिका ________।


निम्नलिखित में से किस व्यवस्था में अष्टफलकीय रिक्तिका बनती है?

  1. hcp
  2. bcc
  3. सामान्य घनीय
  4. fcc

फ़्रेंकेल दोष को यह भी कहते हैं-

  1. स्टॉइकियोमीट्री दोष
  2. प्रभ्रंश दोष
  3. अशुद्ध दोष
  4. नॉन-स्टॉइकियोमीट्री दोष

कॉलम I में दिए गए संकुलन के प्रकारों को कॉलम II में दिए गए मदों से सुमेलित कीजिए-

कॉलम I कॉलम II
(i) द्विविमा में वर्गीय निविड संकुलन (a) त्रिकोणीय रिक्ति
(ii) द्विविमा में षट्कोणीय निविड संकुल (b) प्रत्येक चौथी परत में गोलों का पैटर्न पुनरावृत्त होता है।
(iii) त्रिविमा में षट्कोणीय निविड संकुलन (c) उपसहसंयोजन संख्या 4
(iv) त्रिविमा में घनीय निविड संकुलन 

(d) एकान्तर परत में गोलों का पैटर्न पुनरावृत्त होता है ।


दर्शाइए कि घनीय निविड संकुलित संरचना में प्रति एकक कोष्ठिका आठ चतुष्फलकीय रिक्तियाँ उपस्थित होती हैं।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×