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एक तंत्रिका कोशिका (न्यूरॉन) के कार्यों का वर्णन कीजिए।

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प्रश्न

एक तंत्रिका कोशिका (न्यूरॉन) के कार्यों का वर्णन कीजिए।

संक्षेप में उत्तर
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उत्तर

  1. तंत्रिका कोशिका (न्यूरॉन) तंत्रिका तंत्र की क्रियात्मक व संरचनात्मक इकाई है।
  2. न्यूरॉन्स का मुख्य कार्य संकेतों को मस्तिष्क से और मस्तिष्क तक पहुंचाना है। न्यूरॉन्स एक श्रृंखला में अंत से अंत तक जुड़े होते हैं, जो आवेगों के सतत संचरण में मदद करता है। प्रत्येक न्यूरॉन अपने द्रुमाकृतिक सिरे के माध्यम से एक आवेग प्राप्त करता है और उसे अपने अक्षतंतु (axon) के माध्यम से अगले न्यूरॉन को संचारित करता है।
  3. एक तंत्रिका कोशिका के द्रुमाकृतिक सिरे द्वारा उपार्जित की जाती है। और एक रासायनिक क्रिया द्वारा यह एक विद्युत आवेग पैदा करती है। यह आवेग द्रुमिका से कोशिकाकाय तक जाता है और तब तंत्रिकाक्ष (एक्सॉन) में होता हुआ इसके अतिंम सिरे तक पहुँच जाता है। अक्षतंतु के अंत में विद्युत आवेग कुछ पदार्थों के स्राव को प्रेरित करता है, जो सिनैप्स के माध्यम से गुजरते हैं और अगले न्यूरॉन के द्रुमाकृतिक सिरे में एक समान आवेग उत्पन्न करते हैं। तंत्रिका आवेग इसी प्रकार पूरे शरीर में जाते हैं।
  4. इसलिए, तंत्रिका ऊतक न्यूरॉन्स के एक सुव्यवस्थित नेटवर्क से बना होता है, जो शरीर के एक क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में सूचनाओं का संचार करने के लिए विद्युत आवेगों को भेजने में विशिष्ट होते हैं।
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जंतु - तंत्रिका तंत्र
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अध्याय 6: नियंत्रण एवं समन्वय - अभ्‍यास [पृष्ठ १२४]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Vigyaan [Hindi] Class 10
अध्याय 6 नियंत्रण एवं समन्वय
अभ्‍यास | Q 5. (ii) | पृष्ठ १२४

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