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प्रश्न
तैं ही पूत अनोखी जायौ’ – पंक्तियों में ग्वालन के मन के कौन-से भाव मुखरित हो रहे हैं?
एक पंक्ति में उत्तर
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उत्तर
‘तैं ही पूत अनोखी जायौ’ – पंक्तियों में ग्वालन के मन
में यशोदा के लिए कृष्ण जैसा पुत्र पाने पर ईर्ष्या की भावना व कृष्ण के उनका माखन चुराने पर क्रोध के भाव मुखरित हो रहे हैं। इसलिए वह यशोदा माता को उलाहना दे रही हैं।
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पद्य (Poetry) (Class 8)
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