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प्रश्न
अंतिम दो दोहों के माध्यम से कबीर ने किस तरह की संकीर्णताओं की ओर संकेत किया है?
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उत्तर
अंतिम दो दोहों में कबीर ने धार्मिक संकीर्णता और ऊँच-नीच के भेदभाव की ओर संकेत किया है। उन्होंने कहा है कि ईश्वर न तो केवल मंदिर में है, न मस्जिद में, बल्कि वह हर जीव में विद्यमान है।
कबीर ने यह भी बताया कि ऊँचे कुल में जन्म लेने से कोई ऊँचा नहीं होता, बल्कि सच्चा साधु वही है जो अहंकार छोड़कर विनम्रता अपनाता है।
इन दोहों के माध्यम से उन्होंने जाति, धर्म और सामाजिक भेदभाव जैसी संकीर्णताओं का विरोध किया और मानवता तथा समानता का संदेश दिया।
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