मराठी

NCERT solutions for राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ chapter 7 - जन आंदोलनों का उदय [Latest edition]

Advertisements

Chapters

NCERT solutions for राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ chapter 7 - जन आंदोलनों का उदय - Shaalaa.com
Advertisements

Solutions for Chapter 7: जन आंदोलनों का उदय

Below listed, you can find solutions for Chapter 7 of CBSE NCERT for राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२.


प्रश्नावली
प्रश्नावली [Pages 146 - 147]

NCERT solutions for राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ 7 जन आंदोलनों का उदय प्रश्नावली [Pages 146 - 147]

प्रश्नावली | Q 1. (क) | Page 146

चिपको आंदोलन के बारे में निम्नलिखित कथन गलत या सही का चिन्ह लगाए।

यह पेड़ों की कटाई को रोकने के लिए चला एक पर्यावरण आंदोलन था।

  • सही

  • गलत

प्रश्नावली | Q 1. (ख) | Page 146

चिपको आंदोलन के बारे में निम्नलिखित कथन गलत या सही का चिन्ह लगाए।

इस आंदोलन ने परिस्थितिकी और आर्थिक शोषण के मामले उठए।

  • सही

  • गलत

प्रश्नावली | Q 1. (ग) | Page 146

चिपको आंदोलन के बारे में निम्नलिखित कथन गलत या सही का चिन्ह लगाए।

यह महिलाओं द्वारा शुरू किया गया शराब - विरोधी आंदोलन था।

  • सही

  • गलत

प्रश्नावली | Q 1. (घ) | Page 146

चिपको आंदोलन के बारे में निम्नलिखित कथन गलत या सही का चिन्ह लगाए।

इस आंदोलन की माँग थी की स्थानीय निवासियों का अपने प्राकृतिक संसाधनों पर नियंत्रण होना चाहिए।

  • सही

  • गलत

प्रश्नावली | Q 2. (क) | Page 146

नीचे लिखे कथन गलत हैं। इनकी पहचान करें और ज़रूरी सुधार के साथ उन्हें बुरुस्त करके दोबारा लिखें:

सामाजिक आंदोलन भारत के लोकतंत्र को हानि पहुँचा रहे हैं।

  • सही

  • गलत

प्रश्नावली | Q 2. (ख) | Page 146

नीचे लिखे कथन गलत हैं। इनकी पहचान करें और ज़रूरी सुधार के साथ उन्हें बुरुस्त करके दोबारा लिखें:

सामाजिक आंदोलनों की मुख्य ताकत विभिन्न सामाजिक वर्गों के बीच व्याप्त उनका जनधार है।

  • सही

  • गलत

प्रश्नावली | Q 2. (ग) | Page 146

नीचे लिखे कथन गलत हैं। इनकी पहचान करें और ज़रूरी सुधार के साथ उन्हें बुरुस्त करके दोबारा लिखें:

भारत के राजनीतिक दलों ने कई मुद्दों को नहीं उठाया। इसी कारण सामाजिक आंदोलनों का उदय हुआ।

  • सही

  • गलत

प्रश्नावली | Q 3. | Page 146

उत्तर प्रदेश के कुछ भागों में (अब उत्तराखंड) 1970 के दशक में किन कारणों से चिपको आंदोलन का जन्म हुआ? इस आंदोलन का क्या प्रभाव पड़ा?

प्रश्नावली | Q 4. | Page 146

भारतीय किसान यूनियन किसानों की दुर्दशा की तरफ़ ध्यान आकर्षित करने वाला अग्रणी संगठंन है। नब्बे के दशक में इसने किन मुद्दों को उठाया और इसे कहाँ तक सफलता मिली?

प्रश्नावली | Q 5. | Page 146

आंध्रा प्रदेश में चले शराब - विरोधी आंदोलन ने देश का ध्यान कुछ गंभीर मुद्दों की तरह खिंचा। ये मुद्दे क्या थे?

प्रश्नावली | Q 6. | Page 146

क्या आप शराब - विरोधी आंदोलन को महिला - आंदोलन का दर्ज़ा देंगे? कारण बताएँ।

प्रश्नावली | Q 7. | Page 146

नर्मदा बचाओं आंदोलन ने नर्मदा घाटी की बाँध परियोजनाओं का विरोध क्यों किया?

प्रश्नावली | Q 8. | Page 146

क्या आंदोलन और विरोध की कार्रवाइयों से देश का लोकतंत्र मज़बूत होता है? अपने उत्तर की पुष्टि में उदाहरण दीजिए।

प्रश्नावली | Q 9. | Page 146

दलित - पैंथर्स ने कौन - से मुद्दे उठाए?

प्रश्नावली | Q 10. | Page 147

निम्नलिखित अवतरण को पढ़ें और इसके आधार पर पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दें:

लगभग सभी नए सामाजिक आंदोलन नयी समस्याओं जैसे - पर्यावरण का विनाश, महिलाओं की बदहाली, आदिवासी संस्कृतिक का नाश और मानवाधिकारों का उल्लंघन के समाधान को रेखांकित करते हुए उभरे। इनमें से कोई भी अपनेआप में समाजव्यवस्था के मूलगामी बदलाव के सवाल से नहीं जुड़ा था। इस अर्थ में ये आंदोलन अतीत की क्रांतिकारी है सामाजिक आंदोलनों का एक बड़ा दायरा ऐसी चीजों की चपेट में है की वह एक ठोस तथा एकजुट जन आंदोलन का रूप नहीं ले पाता और न ही वंचितों और गरीबों के लिए प्रासंगिक हो पाता है। ये आंदोलन बिखरे - बिखरे हैं, प्रतिक्रिया के तत्वों से भरे हैं, अनियत है और बुनियादी सामाजिक बदलाव के लिए इनके पास कोई फ्रेमवर्क नहीं है। 'इस' या 'उस' के विरोध (पशिचमी - विरोधी, पूंजीवादी विरोध, 'विकास - विरोधी, आदि) में चलने के कारण इनमे कोई संगति आती हो अथवा दबे - कुचले लोगों और हाशिए के समुदायों के लिए ये प्रासंगिक हो पाते हों - ऐसी बात नहीं।

- रजनी कोठरी

  1. नए सामाजिक आंदोलन और क्रांतिकरी विचारधाराओं में क्या अंतर है?
  2. लेखक के अनुसार सामाजिक आंदोलन की सीमाएँ क्या - क्या हैं?
  3. यदि सामाजिक आंदोलन विशिष्ट मुद्दों को उठाते हैं तो आप उन्हें 'बिखरा' हुआ कहेंगे या मानेगे की वे अपने मुद्दे पर कही ज़्यादा केंद्रित हैं। अपने उत्तर की पुष्टि में तर्क दीजिए।

Solutions for 7: जन आंदोलनों का उदय

प्रश्नावली
NCERT solutions for राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ chapter 7 - जन आंदोलनों का उदय - Shaalaa.com

NCERT solutions for राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ chapter 7 - जन आंदोलनों का उदय

Shaalaa.com has the CBSE Mathematics राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ CBSE solutions in a manner that help students grasp basic concepts better and faster. The detailed, step-by-step solutions will help you understand the concepts better and clarify any confusion. NCERT solutions for Mathematics राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ CBSE 7 (जन आंदोलनों का उदय) include all questions with answers and detailed explanations. This will clear students' doubts about questions and improve their application skills while preparing for board exams.

Further, we at Shaalaa.com provide such solutions so students can prepare for written exams. NCERT textbook solutions can be a core help for self-study and provide excellent self-help guidance for students.

Concepts covered in राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ chapter 7 जन आंदोलनों का उदय are जन आंदोलनों की प्रकृति, दलित पैंथर्स, भारतीय किसान यूनियन, ताड़ी-विरोधी आंदोलन, नर्मदा बचाओ आंदोलन, जन आंदोलन के सबक.

Using NCERT राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ solutions जन आंदोलनों का उदय exercise by students is an easy way to prepare for the exams, as they involve solutions arranged chapter-wise and also page-wise. The questions involved in NCERT Solutions are essential questions that can be asked in the final exam. Maximum CBSE राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ students prefer NCERT Textbook Solutions to score more in exams.

Get the free view of Chapter 7, जन आंदोलनों का उदय राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ additional questions for Mathematics राजनीति विज्ञान स्वतंत्र भारत मे राजनीति [हिंदी] इयत्ता १२ CBSE, and you can use Shaalaa.com to keep it handy for your exam preparation.

Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×