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कहानी लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए:
| मनोज का रिक्शा से मंडी जाना - जल्दबाजी में बदुआ रिक्शे में भूलना - थोड़ी सब्जी लेकर घर लौटना - तनाव में - रात नौ बजेदरवाजे पर रिक्शेवाले की दस्तक - पता ढूँढ़ते घर आना और बटुआ लौटाना - शीर्षक। |
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निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर 60 से 70 शब्दों में लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए।
| रामू - लालच - गिरफ्तार - हवालात - जेल - सुधार - परोपकार - शीर्षक। |
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निम्नलिखित सुवचन के आधार पर कहानी लिखकर उचित सीख लिखिए:
भला कर और भूल जा
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निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर 60 से 70 शब्दों में कहानी लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए:
|
राम एक गरीब छात्र था - सरकारी नौकरी लगना - धनवान बनना - छापा पड़ना - जेल जाना - प्रतिष्ठा धूमिल होना। शीर्षक |
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वृत्त में दिए शब्दों के लिंग तथा वचन के अनुसार वर्गीकरण कीजिए:

| स्त्रीलिंग | पुलिंग | एकवचन | बहुवचन |
| ______ | ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ | ______ |
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मुद्दों के आधार पर कहानी लेखन:
| एक युवक | → | गलत संगति के चलते बुरी आदतों का शिकार होना | → | पुलिस के छापे में गिरफ्तार होना |
| पूछताछ में पुलिस अधिकारी का सच्चाई जानना | → | समुपदेशन कर उचित सलाह देना | → | रिहा होकर युवक का पुरानी संगति छोड़कर छोटा-मोटा व्यवसाय शुरू करना |
| धीरे-धीरे बड़ा व्यवसायी बनना | → | अपने जैसे युवकों काे नौकरी देना | → | शीर्षक |
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निम्नलिखित जानकारी के आधार पर विज्ञापन तैयार कीजिए :
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निम्नलिखित जानकारी के आधार पर लगभग 50 से 60 शब्दों में विज्ञापन तैयार कीजिए:
| फूलों की प्रदर्शनी | |||
| विशेषताएँ | स्थान | समय | संपर्क |
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निम्नलिखित जानकारी के आधार पर 50 से 60 शब्दों में विज्ञापन तैयार कीजिए:

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निम्नलिखित जानकारी के आधार पर विज्ञापन तैयार कीजिए:

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परिच्छेद में प्रयुक्त शब्दयुग्म ढूँढ़कर लिखिए।
| भले ही आपने उसे अभी-अभी खरीदा हो और उसे खोलकर पढ़ना तो दूर पन्ने पलटकर भी न देखा हो; लेकिन आपके उत्तर की प्रतीक्षा किए बिना अखबार सामने वाले के हाथों में होगा। अब आपकी स्थिति माँगने वालों की हो जाएगी और आप उत्सुकता से राह देखेंगे कि समाचारपत्र अब लौटे कि तब। तभी वे सज्जन एक जम्हाई लेकरउसे बेतरतीबी से मोड़ते हुए किसी दूसरे माँगने वाले की ओर इस तरह शान से बढ़ा देंगे मानो समाचारपत्र आपका नहीं; उनकी निजी संपत्ति हो। देखते-देखते समाचारपत्र के पन्ने एक-दूसरे से जुदा होकर पूरे डिब्बे के चक्कर काटने लगेंगे। मजे की बात यह है कि एक समाचारपत्र के कितने उपयोग हो सकते हैं, इसका अंदाज रेल की यात्रा करते समय ही लगाया जा सकता है। कोई ललित निबंध के तो कोई संपादकीय पन्ने से अपनी सीट झाड़ता नजर आएगा। कोई समाचारपत्र फैलाकर उसपर भोजन करता दिखाई पड़ेगा। बेचारे समाचारपत्र वाले ने भी कभी सोचा नहीं होगा कि उसके पत्र के इतने उपयोेग हो सकते हैं। |
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शब्द-युग्म बनाइए:
कूड़ा - ______
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शब्द-युग्म बनाइए:
इधर - ______
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शब्द-युग्म बनाइए:
गाँव - ______
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शब्द-युग्म बनाइए:
______ - द्वार
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शब्द-युग्म बनाइए:
हवा - ______
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शब्द-युग्म बनाइए:
सीधा - ______
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शब्द-युग्म बनाइए:
साफ - ______
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शब्द-युग्म बनाइए:
झाड़ - ______
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परिच्छेद में प्रयुक्त समोच्चारित भिन्नार्थक शब्द ढूँढ़कर लिखिए।
| भले ही आपने उसे अभी-अभी खरीदा हो और उसे खोलकर पढ़ना तो दूर पन्ने पलटकर भी न देखा हो; लेकिन आपके उत्तर की प्रतीक्षा किए बिना अखबार सामने वाले के हाथों में होगा। अब आपकी स्थिति माँगने वालों की हो जाएगी और आप उत्सुकता से राह देखेंगे कि समाचारपत्र अब लौटे कि तब। तभी वे सज्जन एक जम्हाई लेकरउसे बेतरतीबी से मोड़ते हुए किसी दूसरे माँगने वाले की ओर इस तरह शान से बढ़ा देंगे मानो समाचारपत्र आपका नहीं; उनकी निजी संपत्ति हो। देखते-देखते समाचारपत्र के पन्ने एक-दूसरे से जुदा होकर पूरे डिब्बे के चक्कर काटने लगेंगे। मजे की बात यह है कि एक समाचारपत्र के कितने उपयोग हो सकते हैं, इसका अंदाज रेल की यात्रा करते समय ही लगाया जा सकता है। कोई ललित निबंध के तो कोई संपादकीय पन्ने से अपनी सीट झाड़ता नजर आएगा। कोई समाचारपत्र फैलाकर उसपर भोजन करता दिखाई पड़ेगा। बेचारे समाचारपत्र वाले ने भी कभी सोचा नहीं होगा कि उसके पत्र के इतने उपयोेग हो सकते हैं। |
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