मराठी

तिनकों पर ओस की बूंदें देखकर कवि ने क्या नवीन कल्पना की है? और क्यों? - Hindi Course - A

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

तिनकों पर ओस की बूंदें देखकर कवि ने क्या नवीन कल्पना की है? और क्यों?

एका वाक्यात उत्तर
Advertisements

उत्तर

तिनकों पर ओस की बूंदों को देखकर कवि ने हरे रक्त की नवीन कल्पना की है क्योंकि तिनकों पर पड़ी ओस की बूंदें हवा से हिल-डुल रही हैं। इससे बूंदें तिनकों के हरे रक्त-सी प्रतीत हो रही हैं।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 9 A)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 13: ग्राम श्री - अतिरिक्त प्रश्न

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Kshitij Part 1 Class 9
पाठ 13 ग्राम श्री
अतिरिक्त प्रश्न | Q 2

संबंधित प्रश्‍न

बंद द्वार की साँकल खोलने के लिए ललद्यद ने क्या उपाय सुझाया है?


'ज्ञानी' से कवयित्री का क्या अभिप्राय है?


चौथे सवैये के अनुसार गोपियाँ अपने आप को क्यों विवश पाती हैं?


कविता के आधार पर पराधीन भारत की जेलों में दी जाने वाली यंत्रणाओं का वर्णन कीजिए।


भाव स्पष्ट कीजिए -
मृदुल वैभव की रखवाली-सी, कोकिल बोलो तो!


काव्य-सौंदर्य स्पष्ट कीजिए -
तेरे गीत कहावें वाह, रोना भी है मुझे गुनाह!
देख विषमता तेरी-मेरी, बजा रही तिस पर रणभेरी!


कबीर ने ज्ञान के आगमन की तुलना सामान्य हवा से न कर आँधी से क्यों की?


भाव स्पष्ट कीजिए -

हिति चित्त की द्वै थूँनी गिराँनी, मोह बलिंडा तूटा।


भाव स्पष्ट कीजिए -

आँधी पीछै जो जल बूठा, प्रेम हरि जन भींनाँ।


कवि के लिए बच्चों का काम पर जाना चिंता का विषय क्यों बन गया है? ‘बच्चे काम पर जा रहे हैं? कविता के आधार पर लिखिए।


‘तो फिर बचा ही क्या है इस दुनिया में ऐसा प्रश्न कवि कब और क्यों करता है?


'और सरसों की न पूछो' - इस उक्ति में बात को कहने का एक खास अंदाज़ है। हम इस प्रकार की शैली का प्रयोग कब और क्यों करते हैं?


कविता को पढ़ते समय कुछ मुहावरे मानस-पटल पर उभर आते हैं, उन्हें लिखिए और अपने वाक्यों में प्रयुक्त कीजिए।


निम्नलिखित किसके प्रतीक हैं?

  • धूल
  • पेड़
  • नदी
  • लता
  • ताल

‘मेघ आए’ कविता में किस संस्कृति का वर्णन किया गया है? सोदाहरण लिखिए।


शहरी मेहमान के आने से गाँव में जो उत्साह दृष्टिगोचर होता है, उसे मेघ आए कविता के आलोक में लिखिए।


‘मेघ आए’ कविता में अतिथि का जो स्वागत-सत्कार हुआ है, उसमें भारतीय संस्कृति की कितनी झलक मिली है, अपने शब्दों में लिखिए।


कवि को दक्षिण दिशा पहचानने में कभी मुश्किल क्यों नहीं हुई?


कवि ने ऐसा क्यों कहा कि दक्षिण को लाँघ लेना संभव नहीं था?


कभी-कभी उचित-अनुचित के निर्णय के पीछे ईश्वर का भय दिखाना आवश्यक हो जाता है, इसके क्या कारण हो सकते हैं?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×