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प्रश्न
पूरक पाठ्य-पुस्तक पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर लगभग 50-60 शब्दों में लिखिए:
अज्ञेय जी ने हिरोशिमा की घटना के बारे में सुना-पढ़ा था, लेकिन विस्फोट को उन्होंने कब और कैसे आत्मसात किया और उसका क्या परिणाम हुआ? 'मै क्यों लिखता हूँ' पाठ के आधार पर लिखिए।
थोडक्यात उत्तर
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उत्तर
लेखक ने हिरोशिमा बम विस्फोट की त्रासदी के परिणाम समाचार पत्रों में पढ़े थे और जापान जाकर अस्पतालों में घायल लोगों को भी देखा था, लेकिन अणु बम के प्रभाव की गहराई को वह पूरी तरह महसूस नहीं कर सका। फिर एक दिन सड़क पर घूमते हुए उसने रेडियोधर्मी किरणों से जले व्यक्ति की पत्थर पर बनी छाया देखी, जिससे विस्फोट की भयावहता को उनकी संवेदनाओं में प्रत्यक्ष उतर आई, और वह मानो स्वयं उस विनाश का हिस्सा बन गया। उसे मनुष्य के जलने के दुख का गहरा अनुभव हुआ। भारत लौटने पर वही अनुभूति जीवंत होकर हिरोशिमा पर लिखी उसकी कविता में व्यक्त हो गई।
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या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
