मराठी
महाराष्ट्र राज्य शिक्षण मंडळएस.एस.सी (हिंदी माध्यम) इयत्ता १० वी

नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ? - Science and Technology 2 [विज्ञान और प्रौद्योगिकी २]

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?

टीपा लिहा
Advertisements

उत्तर

संक्षारक (Corrosive)

स्पष्टीकरण:

संक्षारक पदार्थ अत्यधिक क्रियाशील पदार्थ होते हैं। संक्षारक पदार्थों को केवल स्पर्श करने से ही त्वचा, आँख, श्वसन मार्ग, पाचन संस्थान इत्यादि अंगों को तीव्र गति से नुकसान पहुँच सकता है। इन पदार्थों को छूने अथवा सूँघने से हमें अत्यधिक हानि पहुँच सकती है। इसलिए संक्षारक पदार्थों पर छपे हुए चेतावनी के चिह्नों को अनदेखा नहीं करना चाहिए।

shaalaa.com
प्रथमोपचार और आपत्कालीन कृती
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 10: आपदा प्रबंधन - स्वाध्याय [पृष्ठ १२०]

APPEARS IN

बालभारती Vigyaan aur Prodyogiki 2 [Hindi] Standard 10 Maharashtra State Board
पाठ 10 आपदा प्रबंधन
स्वाध्याय | Q 8. | पृष्ठ १२०

संबंधित प्रश्‍न

आपदाग्रस्त रोगी का वहन करने के लिए कौन कौन -सी पद्धतियों का उपयोग करते है ?


नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?


नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?


नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?


नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?


नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?


नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?


नीचे चिह्न दिए हैं, उनके बारे में स्पष्टीकरण लिखिए। इन चिह्न को दुर्लक्षित करने पर कौन-कौन सी अपदाएँ आ सकती है ?


आपदाओं में जख्मी हुए आपदाग्रस्तों को प्रथमोपचार कैसे दिया जाना चाहिए?


टिप्पणी लिखिए।

प्रथमोपचार के मूलतत्त्व


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×