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प्रश्न
क्या इसी तरह की दादन व्यवस्था पापड़, बीड़ी और मसाले बनाने में भी देखने को मिलती हैं? अपने इलाके से इस संबंध में जानकारी इकट्ठी कीजिए और कक्षा में उस पर चर्चा कीजिए।
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उत्तर
दादन व्यवस्था में जहाँ व्यापारी कच्चा माल देता है और तैयार माल प्राप्त करता है। हमात्रे इलाके में भी इस तरह की व्यवस्था देखने को मिलती है। पापड़ के लिए आलू एवं अन्य सामान, बीड़ी के लिए बीड़ी पत्ता और धागा, मसलों के लिए हल्दी, धनियाँ, काली मिर्च, जीरा, सोंठ एवं अन्य गर्म मसाले कारीगर को दे दिए जाते हैं। वे पापड़, बीडी और मसालें बनाकर व्यापारी को दे देते हैं।
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