Advertisements
Advertisements
प्रश्न
जब धातु X की क्रिया सोडियम हाइड्रॉक्साइड के साथ की जाती है, तो श्वेत अवक्षेप (A) प्राप्त होता है, जो NaOH के आधिक्य में विलेय होकर विलेय संकुल (B) बनाता है। यौगिक (A) तनु HCl में घुलकर यौगिक (C) बनाता है। यौगिक (A) को अधिक गरम किए जाने पर यौगिक (D) बनता है, जो एक निष्कर्षित धातु के रूप में प्रयुक्त होता है। X, A, B, C तथा D को पहचानिए तथा इनकी पहचान के समर्थन में उपयुक्त समीकरण दीजिए।
Advertisements
उत्तर
दी गई अभिक्रियाएँ प्रदर्शित करती हैं कि धातु X ऐलुमिनियम है। अभिक्रियाओं को निम्न प्रकार लिखा जा सकता है-
\[\ce{\underset{\text{[X]}}{2Al(s)} + 3NaOH(aq) -> \underset{\text{(White ppt.)}}{\underset{\text{Alum. hydroxide}}{Al(OH)3 + 3Na+(aq)}}}\]
\[\ce{\underset{\text{[A]}}{Al(OH)3(s)} + NaOH(aq) -> \underset{\text{[B]}}{\underset{\text{Sodium tetrahydroxoaluminate (III)}}{Na+[Al(OH)4]-(aq)}}}\]
\[\ce{Al(OH)3 + HCl(aq) -> \underset{\text{[C]}}{\underset{\text{Aluminium chloride}}{AlCl3(aq) + 3H2O}}}\]
\[\ce{\underset{[A]}{Al(OH)3(s)} ->[\Delta] \underset{\underset{[D]}{Alumina}}{Al2O3(s)} + 3H2O}\]
अतः [X] = Al, [A] = Al(OH)3, [B] = Na+[Al(OH)4]−, [C] = AlCl3 और [D] = Al2O3
संबंधित प्रश्न
B-Cl आबंध द्विध्रुव आघूर्ण रखता है, किन्तु BCl3 अणु का द्विध्रुव आघूर्ण शून्य होता है। क्यों?
CO2 की अधिक मात्रा भूमंडलीय तापवृद्धि के लिए उत्तरदायी कैसे है?
निम्नलिखित अभिक्रिया को समझाइए-
कॉपर की उपस्थिति में उच्च ताप पर सिलिकॉन को मेथिल क्लोराइड के साथ गरम किया जाता है।
निम्नलिखित अभिक्रिया को समझाइए-
सिलिकॉन डाइऑक्साइड की क्रिया हाइड्रोजन फ्लुओराइड के साथ की जाती है।
निम्नलिखित अभिक्रिया को समझाइए-
CO को ZnO के साथ गरम किया जाता है।
एक लवण X निम्नलिखित परिणाम देता है-
(क) इसका जलीय विलयन लिटमस के प्रति क्षारीय होता है।
(ख) तीव्र गरम किए जाने पर यह काँच के समान ठोस में स्वेदित हो जाता है।
(ग) जब X के गरम विलयन में सांद्र H2SO4 मिलाया जाता है, तो एक अम्ल Z का श्वेत क्रिस्टल बनता है।
उपर्युक्त अभिक्रियाओं के समीकरण लिखिए और X, Y तथा Z को पहचानिए।
यदि सिलिकॉन निर्माण में प्रारंभिक पदार्थ RSiCl3 है, तो बनने वाले उत्पाद की संरचना बताइए।
