Advertisements
Advertisements
प्रश्न
गोविन्दः धनिकपरिवारस्य एकः उदारः आदर्शः च बालकः। सः प्रतिदिनं किं किं करोति इति अधोलिखितवाक्येषु कोष्ठके प्रदत्तौ प्रकृतिप्रत्ययौ संयोज्य उदाहरणानुसारं वाक्यानि रचयन्तु।
| गोविन्दः | पाठं (पठ्+क्त्वा) गृहम् आगच्छति। | 1. गोविन्दः पाठं पठित्वा गृहम् आगच्छति। |
| विद्यालयात् (आ+गम्+ल्यप्) भोजनं खादति। | 2. ...... | |
| प्रातः (भ्रम्+तुमुन्) उद्यानं गच्छति। | 3. ..... | |
| पुस्तकानि (क्री+तुमुन्) जनकेन सह याति। | 4. ..... | |
| प्रसन्नः (भू+क्त्वा) सर्वान् प्रीणयति। | 5. ..... | |
| वृक्षेभ्यः जलं (दा+क्त्वा) पर्यावरणं रक्षति। | 6. ..... | |
| रामायणं (सम्+पठ्+ल्यप्) शान्तिं लभते। | 7. ..... | |
| दीनेभ्यः धनादिकं (प्र+दा+ल्यप्) समाजं सेवते। | 8. ..... |
व्याकरण/भाषा
Advertisements
उत्तर
| गोविन्दः | पाठं (पठ्+क्त्वा) गृहम् आगच्छति। | 1. गोविन्दः पाठं पठित्वा गृहम् आगच्छति। |
| विद्यालयात् (आ+गम्+ल्यप्) भोजनं खादति। | 2. गोविन्दः विद्यालयात् आगत्य भोजनं खादति। | |
| प्रातः (भ्रम्+तुमुन्) उद्यानं गच्छति। | 3. गोविन्दः प्रातः भ्रमितुम् उद्यानं गच्छति। | |
| पुस्तकानि (क्री+तुमुन्) जनकेन सह याति। | 4. गोविन्दः पुस्तकानि क्रेतुम् जनकेन सह याति। | |
| प्रसन्नः (भू+क्त्वा) सर्वान् प्रीणयति। | 5. गोविन्दः प्रसन्नः भूत्वा सर्वान् प्रीणयति। | |
| वृक्षेभ्यः जलं (दा+क्त्वा) पर्यावरणं रक्षति। | 6. गोविन्दः वृक्षेभ्यः जलं दत्वा पर्यावरणं रक्षति। | |
| रामायणं (सम्+पठ्+ल्यप्) शान्तिं लभते। | 7. गोविन्दः रामायणं सम्पठ्य शान्तिं लभते। | |
| दीनेभ्यः धनादिकं (प्र+दा+ल्यप्) समाजं सेवते। | 8. गोविन्दः दीनेभ्यः धनादिकं प्रदाय समाजं सेवते। |
shaalaa.com
या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
