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एक और कहानी एक मगरमच्छ था। वह लोमड़ी को खाना चाहता था। पर लोमड़ी थी बहुत चालाक। वह मगरमच्छ की पकड़ी में ही नहीं आती थी। मगरमच्छ ने एक बार कछुए से मदद माँगी। कछुए ने कहा-लोम

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प्रश्न

एक और कहानी

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एक मगरमच्छ था। वह लोमड़ी को खाना चाहता था। पर लोमड़ी थी बहुत चालाक। वह मगरमच्छ की पकड़ी में ही नहीं आती थी। मगरमच्छ ने एक बार कछुए से मदद माँगी। कछुए ने कहा-लोमड़ी हमेशा नदी पर पानी पीने आती है। क्यों न तुम उसे वहीं पकड़ी लो! मगरमच्छ उस दिन नदी पर लोमड़ी का इंतज़ार करता रहा। पूरी रात काट दी। फिर पता चला कि ______________________________

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  • कहानी को अपने मन से आगे बढ़ाओ।
  • कहानी का अपने मन से कोई नाम रखो।
थोडक्यात उत्तर
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उत्तर

चतुर लोमड़ी

एक मगरमच्छ था। वह लोमड़ी को खाना चाहता था। पर लोमड़ी थी बहुत चालाक। वह मगरमच्छ की पकड़ी में ही नहीं आती थी। मगरमच्छ ने एक बार कछुए से मदद माँगी। कछुए ने कहा-लोमड़ी हमेशा नदी पर पानी पीने आती है। क्यों न तुम उसे वहीं पकड़ी लो! मगरमच्छ उस दिन नदी पर लोमड़ी का इंतज़ार करता रहा। पूरी रात काट दी। फिर पता चला कि लोमड़ी तो उसके इरादो को पहले से ही भाँप गई थी। अतः वह नदी की दूसरी ओर पानी पीकर चली गई। मगरमच्छ हाथ मलता रह गया । एक दिन लोमड़ी को किसी कारणवश नदी के पार जाना पड़ा। मगरमच्छ इसी अवसर की ताक पर था। उसने जैसे ही लोमड़ी को खाना चाहा, तो लोमड़ी बोली, “तुम मुझे खाना चाहते हो परन्तु मुझे खाओगे, तो तुम्हें बड़ी परेशानी होगी। मुझे खाते समय मेरी पूँछ यदि तुम्हारे गले में फंस गई तो तुम मर जाओगे।” मगरमच्छ यह सुनकर परेशान हुआ और बोला, “अब तुम ही बताओ में क्या करूँ।” लोमड़ी बोली, “तुम मुझे कुछ समय दो मैं अपनी पूँछ कटवाकर तुम्हारे पास आती हूँ।” मगरमच्छ उसकी बातों में आ गया और उसने लोमड़ी को छोड़ दिया। बस फिर क्या था लोमड़ी झट से भाग गई और उससे बोली- “मूर्ख दिमाग तो लगाता यदि मेरी पूँछ कट जाएगी, तो मैं तो वैसे ही मर जाऊँगी।”

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दोस्त की मदद
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 5: दोस्त की मदद - दोस्त की मदद [पृष्ठ ३३]

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एनसीईआरटी Hindi - Rimjhim Class 2
पाठ 5 दोस्त की मदद
दोस्त की मदद | Q 9 | पृष्ठ ३३

संबंधित प्रश्‍न

तेंदुए की इस मूर्खता से कछुए को क्या फ़ायदा हुआ?


जब तेंदुआ आया तब कछुआ और लोमड़ी गपशप कर रहे थे। सोचो वे क्या बाते कर रहे होंगे? यह तुम अपने दोस्त के साथ मिलकर सोचो।

सोची गई गपशप पर तुम नाटक भी कर सकते हो।


जब तेंदुए ने कछुए को पकड़ा तब 

वह क्या सोच रहा होगा?


बताओ कछुए के खोल जैसी सख्त चीज़ें और क्या हो सकती हैं?


लोमड़ी ने तेंदुए को कछुए का खोल तोड़ने का आसान तरीका बताया था। क्या तुम नारियल का तोड़ने का तरीका सुझा सकते हो?


एक कछुआ पानी से बाहर निकल आया।

तीन कछुए पानी से बाहर निकल आए।

अब नीचे दिए शब्द को बदलकर लिखो -

एक कपड़ा 

तीन - ______


एक कछुआ पानी से बाहर निकल आया।

तीन कछुए पानी से बाहर निकल आए।

अब नीचे दिए शब्द को बदलकर लिखो -

एक रुपया

पंद्रह - ______


एक कछुआ पानी से बाहर निकल आया।

तीन कछुए पानी से बाहर निकल आए।

अब नीचे दिए शब्द को बदलकर लिखो -

एक पौधा

आठ - ______


एक कछुआ पानी से बाहर निकल आया।

तीन कछुए पानी से बाहर निकल आए।

अब नीचे दिए शब्द को बदलकर लिखो -

एक संतरा 

दस - ______


बताओ, ऐसे कौन-कौन चलता है? 

फुदक-फुदक कर ______ ______


बताओ, ऐसे कौन-कौन चलता है?

चौकड़ी भरकर ______ ______ 


बताओ, ऐसे कौन-कौन चलता है?

छलाँग लगाकर ______ ______ 


लोमड़ी ने तेंदुए को बताया था कि पानी में फेंकने से कछुए का खोल मुलायम हो जाएगा।

नीचे लिखी चीज़ों में से कौन-कौन सी चीज़ें पानी में फेंकने से मुलायम हो जाएँगी? सही जगह पर लिखो।

कागज़, लकड़ी, गिलास, रोटी,

बिस्किट, प्लेट, पत्ता, मोम, रूई, पापड़

मुलायम हो जाएँगी मुलायम नहीं होंगी
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