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प्रश्न
'ईह! जब दानापुर डूब रहा था तो पटनियाँ बाबू लोग उलटकर देखने भी नहीं गए...अब बूझो!' - इस कथन द्वारा लोगों की किस मानसिकता पर चोट की गई है?
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उत्तर
इस कथन में उस गाँव के गँवार ने शहर के बाबू लोगों की स्वार्थी मानसिकता पर चोट की। उसके अनुसार जब दानापुर में बाढ़ के कारण महाविनाश फैल गया था तब कोई भी पूछने नहीं गया पर आज जब स्वयं का शहर डूब रहा है तो खुद हालचाल पता करने चले आ रहे हैं।
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