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महाराष्ट्र स्टेट बोर्डएसएससी (हिंदी माध्यम) १० वीं कक्षा

‘व्यक्‍ति की पहचान नाम से नहीं, गुणों से होती है’ इस विचार को स्‍पष्‍ट कीजिए। - Hindi [हिंदी]

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प्रश्न

‘व्यक्‍ति की पहचान नाम से नहीं, गुणों से होती है’ इस विचार को स्‍पष्‍ट कीजिए। 

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उत्तर

यद्यपि किसी ने कहा है - 'यथा नाम तथा गुणः' इसके कारण लोग अपनी अपनी संतानों के अच्छे नाम रखते है। परंतु यह कथन गलत है। कुछ लोग अपनी अपनी संतानों के नाम कुछ भी रखते है जैसे - हरिषचन्द्र नाम का व्यक्ति वास्तविक जीवन में भी सत्यवादी न हो। किसी भी व्यक्ति की पहचान उसकी नाम से नहीं उसके गुणों से होती है।

प्रत्येक व्यक्ति में कुछ विशेष गुण या विशेषताएं होती है। जो दूसरे व्यक्ति में नहीं होतीं। इन्हीं गुणों एवं विशेषताओं के कारण ही प्रत्येक व्यक्ति एक दूसरे से भिन्न होता है। व्यक्ति के इन गुणों का समुच्चय ही व्यक्ति का व्यक्तित्व कहलाता है। व्यक्ति समाज में अपने सुंदर नाम से नहीं तो वह समाज में अपने कर्मों से जाना जाता है।

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नाम चर्चा
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अध्याय 1.03: नाम चर्चा - अभिव्यक्‍ति [पृष्ठ १६]

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बालभारती Hindi Kumarbharati [Hindi] Standard 10 Maharashtra State Board
अध्याय 1.03 नाम चर्चा
अभिव्यक्‍ति | Q १. | पृष्ठ १६
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