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प्रश्न
परिच्छेद पढ़कर प्राप्त होने वाली प्रेरणा लिखिए।
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उत्तर
इस परिच्छेद में गुरु और विद्यार्थियों की किताबें पढ़ने के प्रति जो रुचि है उसे दर्शाया गया है। एक ओर जहाँ गुरु जी को पढ़ने का इतना शौक है कि वे जब भी मौका मिलता, कोई-न-कोई किताब अवश्य पढ़ते नजर आते और वहीं दूसरी ओर उन्हें पढ़ते देखकर उनके विद्यार्थी को भी उनसे पढ़ने की प्रेरणा मिलती है। वह भी अधिक-से-अधिक किताबें पढ़ना चाहता है। केवल कोर्स की किताबें ही नहीं पढ़ना चाहता, बल्कि नई-नई किताबें पढ़ने के लिए भी उसका मन उत्सुक हो जाता है। वह गुरु जी से किताबें माँगकर पढ़ने का साहस नहीं कर पाता, इसलिए बड़ा होकर ढेर सारी किताबें खरीदकर पढ़ने की बात सोचता है।
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