Advertisements
Advertisements
प्रश्न
प्राकृत संख्याओं में गुणन की संक्रिया संवृत नहीं होती है।
विकल्प
सत्य
असत्य
Advertisements
उत्तर
यह कथन असत्य है।
स्पष्टीकरण -
किन्हीं दो प्राकृत संख्याओं का गुणनफल सदैव प्राकृत संख्या होती है।
∴ गुणन के अंतर्गत प्राकृत संख्याएँ संवृत हैं।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
सभी प्राकृत संख्याएँ पूर्ण संख्याएँ हैं।
निम्नलिखित के विपरीत (opposite) लिखिए:
भार में वृद्धि
निम्नलिखित के विपरीत (opposite) लिखिए:
निम्नलिखित के विपरीत (opposite) लिखिए:
रु 700 की हानि
निम्नलिखित के विपरीत (opposite) लिखिए:
समुद्र तल से 100 मी ऊपर
10, 15 तथा 20 का ल. स. है –
कोई दों प्राकृत संख्याओं के बीच सदैव एक प्राकृत संख्या होती है।
दो अंकों वाली प्राकृत संख्याओं में अधिक अंकों वाली संख्या ही बड़ी होती है।
प्राकृत संख्याओं में योग की संक्रिया संवृत होती है।
प्राकृत संख्याओं में व्यवकलन की संक्रिया संवृत होती है।
एक ऐसी भी प्राकृत संख्या है जिसे किसी प्राकृत संख्या में योग करने पर वही संख्या प्राप्त होती है।
प्राकृत संख्याँ _____ और _____ की संक्रियाओं में संवृत्त हैं।
दो संख्याएँ जिनमें उभयनिष्ठ गुणनखंड केवल संख्या 1 ही हो, _____ संख्याएँ कहलाती हैं।
1 तथा 100 के बीच अभाज्य संख्याओं की संख्या _____ है।
दो या अधिक संख्याओं का म. स. उनके सार्व ______ में सबसे बड़ा होता है।
