हिंदी

ढलवाँ लोहा कच्चे लोहे से किस प्रकार भिन्न होता है? - Chemistry (रसायन विज्ञान)

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

ढलवाँ लोहा कच्चे लोहे से किस प्रकार भिन्न होता है?

टिप्पणी लिखिए
Advertisements

उत्तर

वात्या भट्टी से प्राप्त अशुद्ध आयरन को कच्चा लोहा कहा जाता है। इसमें S, P, Si, Mn आदि की अशुद्धियों के साथ लगभग 4% कार्बन होता है। ढलवाँ लोहे को बनाने के लिए कच्चे लोहे को गर्म वायु में स्क्रैप आयरन तथा कोक के साथ पिघलाया जाता है। इसमें कार्बन की मात्रा कम (लगभग 3%) पायी जाती है।

shaalaa.com
सांद्रित अयस्कों से अशोधित धातुओं का निष्कर्षण
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?

संबंधित प्रश्न

अभिक्रिया \[\ce{Cr2O3 + 2 Al -> Al2O3 + 2Cr}\] (ΔGΘ = – 421 kJ) के गिब्ज़ ऊर्जा मान से लगता है कि अभिक्रिया ऊष्मागतिकी के अनुसार संभव है, पर यह कक्ष ताप पर संपन्न क्यों नहीं होती?


क्या यह सत्य है कि कुछ विशिष्ट परिस्थितियों में मैग्नीशियम, Al2O3 को अपचयित कर सकता है और Al, MgO को? वे परिस्थितियाँ कौन-सी हैं?


673 K ताप पर C तथा CO में से कौन-सा अच्छा अपचायक है?


कॉपर के वैद्युतअपघटन शोधन में ऐनोड पंक में उपस्थित सामान्य तत्वों के नाम दीजिए। वे वहाँ कैसे उपस्थित होते हैं?


आयरन (लोहे) के निष्कर्षण के दौरान वात्या भट्टी के विभिन्न क्षेत्रों में होने वाली अभिक्रियाओं को लिखिए।


ज़िंक ब्लेंड से ज़िंक के निष्कर्षण में होने वाली रासायनिक अभिक्रियाओं को लिखिए।


अयस्कों तथा खनिजों में अंतर स्पष्ट कीजिए।


Co का उपयोग करते हुए अपचयन द्वारा ज़िंक ऑक्साइड से ज़िंक का निष्कर्षण क्यों नहीं किया जाता?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×