हिंदी
महाराष्ट्र स्टेट बोर्डSSC (Hindi Medium) ७ वीं कक्षा

बताओ तो सही 'बेटी बचाओ' अभियान पर सूचनानुसार सामग्री तैयार करो और सुनाओ: पोस्टर, घोषवाक्य, सुविचार, विज्ञापन - Hindi [हिंदी]

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

बताओ तो सही

दीर्घउत्तर
Advertisements

उत्तर

यहां "बेटी बचाओ" अभियान के लिए चारों सामग्री (पोस्टर, घोषवाक्य, सुविचार, विज्ञापन) का विस्तृत उत्तर दिया गया है:

  1. पोस्टर: पोस्टर ऐसा होना चाहिए जो लोगों का ध्यान आकर्षित करे। इसमें संदेश और चित्र दोनों का उपयोग करें।
    1. ऊपर की ओर स्लोगन: "बेटी है तो कल है"
    2. बीच में एक चित्र: एक लड़की स्कूल बैग लेकर जा रही है, उसके पीछे माता-पिता मुस्कुरा रहे हैं।
    3. पोस्टर को चमकीले रंगों और बड़े अक्षरों में बनाएं ताकि यह दूर से ही पढ़ा जा सके। नीचे की ओर संदेश:
    4. "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ।
      उसे शिक्षा और समान अधिकार दें।
      हर बेटी का जीवन अनमोल है।"
  2. घोषवाक्य (स्लोगन): स्लोगन छोटे, आकर्षक और प्रभावी होने चाहिए। यहां कुछ प्रमुख घोषवाक्य दिए गए हैं:
    1. "बेटी बचाओ, देश बढ़ाओ।"
    2. "जहां बेटियां मुस्कुराएंगी, वहां खुशहाली आएगी।"
    3. "बेटी के बिना सृष्टि अधूरी।"
    4. "बेटी है तो जीवन है।"
    5. "बेटियों को सम्मान दो, राष्ट्र को उजाला दो।"
  3. सुविचार: सुविचार में गहराई और सकारात्मकता होनी चाहिए, जो समाज को प्रेरित कर सके।
    1. सुविचार के उदाहरण:
      • "बेटी वह फूल है जो परिवार की बगिया में खुशबू फैलाती है। उसे मत तोड़ो।"
      • "बेटियां बोझ नहीं, परिवार की शक्ति हैं। उन्हें जीने और आगे बढ़ने का हक दें।"
      • "एक बेटी पढ़ेगी, तो दो परिवार तरक्की करेंगे।"
      • "बेटी को समान अधिकार देकर, समाज को सही दिशा दें।"
      • "बेटी है तो सृष्टि है, उसे सुरक्षित रखना हमारी जिम्मेदारी है।"
  4. विज्ञापन: विज्ञापन ऐसा होना चाहिए जो लोगों को तुरंत प्रेरित करे। इसे रेडियो, टीवी, या सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर दिखाया जा सकता है।
    1. विज्ञापन का उदाहरण:
    2. टाइटल: "बेटी बचाओ - भविष्य बनाओ"
    3. संदेश: "क्या आपने कभी सोचा है कि बिना बेटियों के हमारा समाज अधूरा है? बेटियां केवल हमारे परिवार का हिस्सा नहीं हैं, वे हमारे देश का भविष्य हैं। उन्हें शिक्षा, सुरक्षा और समान अवसर दें। आइए, 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' अभियान में शामिल हों। यह जिम्मेदारी सिर्फ सरकार की नहीं, हमारी भी है। हर बेटी को उसका हक दिलाएं और उसका सपना पूरा करने में मदद करें। बेटी बचाइए, क्योंकि बेटी है तो जीवन है।"
shaalaa.com
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 3: मुक्ति का प्रतिदान - अंतःपाठ प्रश्न [पृष्ठ १०]

APPEARS IN

बालभारती Hindi Ekatmik [Hindi] Standard 7 Maharashtra State Board
अध्याय 3 मुक्ति का प्रतिदान
अंतःपाठ प्रश्न | Q १६. | पृष्ठ १०
Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×