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महाराष्ट्र स्टेट बोर्डHSC Commerce (Hindi Medium) 12th Standard Board Exam [कक्षा १२]

अंतर स्पष्ट कीजिए: सरल सूचकांक (निर्देशांक) एवं भारित सूचकांक (निर्देशांक)

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प्रश्न

अंतर स्पष्ट कीजिए:

सरल सूचकांक (निर्देशांक) एवं भारित सूचकांक (निर्देशांक)

अंतर स्पष्ट करें
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उत्तर

क्र.
सं.
सरल सूचकांक (निर्देशांक) भारित सूचकांक (निर्देशांक)
१. सरल सूचकांक, सूचकांक बनाने की एक ऐसी विधि है जिसमें प्रत्येक वस्तु को समान महत्व दिया जाता है। भारित सूचकांक, सूचकांक बनाने की एक ऐसी विधि है जिसमें विभिन्न वस्तुओं को उपयुक्त भार (weights) दिए जाते हैं।
२. इस विधि का उपयोग कीमत, मात्रा और मूल्य सूचकांक बनाने के लिए किया जा सकता है, लेकिन यह वस्तुओं के सापेक्ष महत्व पर विचार नहीं करती है। इस विधि का उपयोग भी कीमत, मात्रा और मूल्य सूचकांक बनाने के लिए किया जा सकता है, और यह उपयुक्त भार देकर वस्तुओं के सापेक्ष महत्व पर विचार करती है।
३. यह सूचकांक बनाने की सबसे आसान विधि है। यह सरल सूचकांक की तुलना में अपेक्षाकृत जटिल है।
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