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निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए −कवयित्री को आकाश के तारे स्नेहहीन से क्यों प्रतीत हो रहे हैं? - Hindi Course - B

Short Note

निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए 
कवयित्री को आकाश के तारे स्नेहहीन से क्यों प्रतीत हो रहे हैं?

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Solution

कवयित्री को आकाश के तारे स्नेहहीन नज़र आते हैं। अर्थात मनुष्य में एक दूसरे से प्रेम और सौहार्द की भावना समाप्त हो गई है। उनमें आपस में कोई स्नेह नहीं है। इसलिए उसे आकाश के तारे स्नेहहीन लगते हैं।

Concept: पद्य (Poetry) (Class 10 B)
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APPEARS IN

NCERT Hindi - Sparsh Part 2 Class 10 CBSE
Chapter 1.6 मधुर-मधुर मेरे दीपक जल
प्रश्न-अभ्यास (क) | Q 6 | Page 34
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