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Arts (Hindi Medium) इयत्ता १२ - CBSE Question Bank Solutions for Accountancy (लेखाशास्त्र)

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Accountancy (लेखाशास्त्र)
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राव और स्वामी फर्म में साझेदार हैं लाभ का विभाजन 3 : 2 के अनुपात मे करते हैं। वे रवि को 1/8 भाग के लाभ के लिए साझेदार बनाते हैं। राव और स्वामी के बीच नया विभाजन अनुपात 4: 3 है। नए लाभ विभाजन अनुपात और त्याग अनुपात की गणना करें।

[3] साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश
Chapter: [3] साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश
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सेवानिवृत्त/मृत साझेदार फर्म की ख्याति में उसका भाग पाने का अधिकारी क्यों होता है?

[4] साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदारी की सेवानिवृति/मृत्यु
Chapter: [4] साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदारी की सेवानिवृति/मृत्यु
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किसी साझेदार के सेवानिवृत्ति के समय या उसकी मृत्यु की दशा में ख्याति के व्यवहार का वर्णन कीजिए।

[4] साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदारी की सेवानिवृति/मृत्यु
Chapter: [4] साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदारी की सेवानिवृति/मृत्यु
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लेखा व्यवहार कीजिए:

गैर-अभिलेखित परिसंपत्तियाँ

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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लेखा व्यवहार कीजिए:

गैर-अभिलेखित दायित्व

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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वसूली खाता किसे कहते हैं?

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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वसूली खाते का प्रारूप बनाइए।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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वसूली व्यय से संबंधित निम्न व्यवहारों का रोज़नामचा बनाइएः

(अ) वसूली व्यय की राशि 2,500 रूपये।

(ब) वसूली व्यय की राशि 3,000 रुपये का भुगतान अशोक द्वारा जो कि एक साझेदार है।

(स) वसूली व्यय 2,300 रूपये तरुण द्वारा व्यक्तिगत तौर पर किए गए।

(द) साझेदार अमित को परिसंपत्तियों की वसूली के लिए 4000 रूपये में नियुक्त किया गया। वास्तविक वसूली व्यय की राशि 3000 रूपये है।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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निम्न स्थिति में आवश्यक रोजनामचा प्रविष्टि दें;

(अ) 85,000 रूपये के लेनदारों ने 40,000 रूपये रोकड़ और 43,000 रुपये के विनियोग का अपने दावे का पूर्ण भुगतान स्वीकार किया।

(ब) लेनदार 16,000 रुपये के हैं। वे 18,000 रूपये मूल्य की मशीनरी को अपने दावे का भुगतान स्वीकार करते हैं।

(स) लेनदार 90,000 रूपये के हैं। वे 1,20,000 रूपये के भवन तथा 30,000 रूपये के रोकड़ को फर्म का भुगतान स्वीकार करते हैं।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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एक पुराने कंप्यूटर को पिछले वर्ष के लेखा पुस्तकों में अपलिखित किया गया। एक साझेदार नितिन द्वारा उसी को 3,000 रुपये में लिया गया। यह मानते हुए कि फर्म का विघटन हो चुका है, उपरोक्त के संबंध में रोजनामचा प्रविष्टियाँ कीजिए।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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निम्न परिस्थितियों में आप रशिम और बिंदु के वसूली व्ययों का किस प्रकार लेखा व्यवहार करेंगे:

1. वसूली व्यय की राशि 1,00,000 रुपये।

2. वसूली व्यय की राशि 30,000 रुपये का भुगतान साझेदार रशिम ने किया।

3. विघटन प्रक्रिया को पूर्ण करने के लिए रशिम ने वसूली व्यय का वहन किया जिसके लिए पारितोषिक 70,000 रूपये दिया गया। रशिम द्वारा वास्तविक व्यय 120000 रूपये किया गया।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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निम्न व्यवहारों की रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दीजिए:

  1. विभिन्न परिसंपत्तियों और दायित्वों की वसूली का अभिलेखन।
  2. फर्म के पास 1,60,000 रुपये का स्टॉक है। साझेदार अज़ीज़ द्वारा 50% स्टॉक को
    20% छूट पर ले लिया गया।
  3. शेष स्टॉक का विक्रय लागत मूल्य पर 30% लाभ पर हुआ।
  4. भूमि और भवन (पुस्तक मूल्य 1,60,000 रुपये) का विक्रय 3,00,000 रुपये में एक दलाल के द्वारा किया गया जिसने सौदे पर 2% कमीशन लिया।
  5. संयंत्र और मशीनरी (पुस्तक मूल्य 60,000 रुपये) एक लेनदार को पुस्तक मूल्य से 10% कम के स्वीकृत मूल्यांकन पर दिया गया।
  6. विनियोग जिसका मूल्य 4,000 रुपये था से 50% वसूली हुई।
[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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1,00,000 रुपये की परिसंपत्तियों का हस्तांतरण (रोकड़ और बैंक के अतिरिक्त) वसूली खाते में किया गया। परिसंपत्तियों को 50% साझेदार अतुल द्वारा 20% छूट पर ले लिया। शेष परिसंपत्तियों में से 40% को, लागत पर 30% लाभ पर विक्रय किया गया। शेष का 5% बेकार हो गया, कुछ वसूली नहीं हुई और बाकी परिसंपत्तियाँ एक लेनदार को उसके दावे का पूर्ण भुगतान के लिए दी गई।
परिसंपत्तियों से वसूली की रोजनामचा प्रविष्टि का अभिलेखन करें।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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पारस और प्रिया की पुस्तकों में निम्न गैर-अभिलेखित परिसंपत्तियों और दायित्वों की आवश्यक रोजनामचा प्रविष्ट का अभिलेखन करें:

  1. एक पुराने फ़र्नीचर को फर्म में पूर्ण रूप से अपलिखित किया गया। यह फ़र्नीचर 3,000 रूपये में बेचा गया।
  2. आशीष जो कि एक पुराना ग्राहक है जिसका खाता 1,000 रूपये से पिछले वर्ष के डूबत ऋण के तौर पर अपलिखित किया गया, ने 6% का भुगतान किया।
  3. पारस फर्म की ख्याति को लेता है (जिसका लेखा पुस्तकों में नहीं है) जिसे 3,000 रूपये पर मूल्यांकित किया गया।
  4. एक पुरानी टंकण मशीन (टाइपराइटर) जो कि पूर्ण रूप से लेखा पुस्तकों में अपलिखित किया गया। इसका अनुमानित वसूली मूल्य 400 रुपये था। इसको प्रिया के द्वारा अनुमानित मूल्य से 25% छूट पर लिया गया।
  5. 100 शेयर, 10 रूपये प्रत्येक को स्टार लिमिटेड ने 2,000 रूपये की कीमत पर अधिगृहित किया था, जिसको लेखा पुस्तकों में पूर्ण रूप से अपलिखित किया गया। इन अंशों का मूल्यांकन 6 रूपये प्रत्येक किया तथा साझेदारों के मध्य उनके लाभ विभाजन अनुपात में बाँटा गया।
[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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सभी साझेदारों ने फर्म के विघटन की इच्छा व्यक्त की। यासिन एक साझेदार 2,00,000 रुपये के ऋण को साझेदारों के पूँजी भुगतान से पहले भुगतान चाहता है। लेकिन अमर, एक अन्य साझेदार पूँजी का भुगतान, यासिन के ऋण के भुगतान से पहले चाहता है। कारण बताते हुए उनके बीच उपाय का सुझाव दें।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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समस्त दायित्वों को वसूली खाते में हस्तांतरित करने तथा विर्भिन्न परिसंपत्तियों ( रोकड़ के अतिरिक्त ) तीसरे पक्ष को किसी फर्म के विघटन पर निम्न लेनदेनों के संबंध में क्या रोज़नामचा प्रविष्टियाँ की जाएँगी।

  1. आरती ने 80,000 रुपये के मूल्य का स्टॉक 68,000 रुपये में लिया।
  2. 40.000 रुपये की गैर-अभिलेखित मोटर साइकिल जो कि करीम द्वारा ली गई।
  3. फर्म ने कर्मचारियों को 40,000 रुपये की क्षतिपूर्ति का भुगतान किया।
  4. विभिन्न दायित्व को जो कि 36,000 रुपये के थे, को 15% छूट पर भुगतान किया गया।
  5. वसूली पर हानि 42,000 रुपये को आरती और करीम के मध्य 3 : 4 के अनुपात में विभाजन किया जाऐगा।
[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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रोज़ और लिली का लाभ विभाजन अनुपात 2 : 3 है। 31 मार्च, 2017 को उनका तुलन पत्र निम्न है :

दायित्व राशि (रु.) परिसंपत्तियाँ   राशि (रु.)
लेनदार 40,000 रोकड़   16,000

लिली से ऋण

32,000 देनदार 80,000 76,400

लाभ व हानि

50,000 घटाया: संदिग्ध ऋण
के लिए प्रावधान
3,600

पूँजी:

  स्टॉक 1,09,600  
लिली 1,60,000

प्राप्य विपत्र

40,000  
रोज 2,40,000 भवन 2,80,000  
  5,22,000     5,22,000

रोज़ और लिली इस तिथ को फर्म के विघटन का निर्णय करते हैं। परिसंपत्तियों (प्राप्य विपत्र को छोड़कर) से वसूली 4,84,000 रुपये लेने के लिए सहमत है। लेनदार 38.000 रू. पर सहमत है। वसूली की लागत 2,400 रूपये। फर्म में मोटर साईकल है जिसको फर्म के रुपयों से लिया गया लेकिन फर्म की पुस्तकों में नहीं दर्शाया गया। इसका विक्रय 10,000 रुपये में किया गया। बकाया बिजली बिल के संबंध में संभावित दायित्व 5,000 रुपये हैं। प्राप्य विपत्र रोज़ ने 33,000 रुपये में ले लिया।

वसूली खाता, साझेदारों के पूँजी खाते, ऋण खाता और रोकड़ खाता तैयार करें।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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शिल्पा, मीना और नंदा ने 31 मार्च, 2020 को फर्म के विघटन का निर्णय लिया। इनका लाभ विभाजन अनुपात 3: 2: 1 है और उनका तुलन पत्र इस प्रकार है:

31 मार्च, 2020 को शिल्पा, मीना और नंदा का तुलन पत्र

दायित्व

राशि (रु.)

परिसंपन्तियाँ राशि (रु.)
पूँजी:   भूमि 81,000
शिल्पा 80,000 स्टॉक 56,760
मीना 40,000 देनदार 18,600

बैंक ऋण

20,000

नंदा की पूँजी

23,000
लेनदार 37,000 रोकड़  10,840

संदिग्ध ऋण के लिए प्रावधान

1,200    

सामान्य संचय

12,000    
  1,90,200   1,90,200

शिल्पा ने 41,660 रुपये मूल्य का स्टॉक 35,000 रुपये में ले लिया और बैंक ऋण का भुगतान करने को सहमत हुई। शेष स्टॉक का विक्रय 14,000 रुपये में किया गया और 10,000 रुपये के देनदारों से 8,000 रुपये वसूली हुई । भूमि का विक्रय 1,10,000 रुपये में किया। शेष देनदारों से पुस्तक मूल्य की 50% वसूली हुई। वसूली की लागत राशि 1,200 रुपये है। 6,000 रुपये मूल्य की एक टंकण मशीन पुस्तकों में गैर-अभिलेखित है, को एक लेनदार ने इसी मूल्य पर ले लिया। वसूली खाता तैयार करें। 

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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सुरजीत और राही का लाभ व हानि विभाजन अनुपात 3: 2 है। 31 मार्च, 2020 को उनका तुलन पत्र इस प्रकार है:

31 मार्च, 2020 को सुरजीत और राही का तुलन पत्र
दायित्व राशि (रु) परिसंपत्तियाँ राशि (रु)
लेनदार 38,000 बैंक 11,500
श्रीमती सुरजीत से ऋण 10,000 स्टॉक 6,000
संचय 15,000 देनदार 19,000
राही का ऋण 5,000 फर्नीचर 4,000
पूँजी:   संयंत्र 28,000
सुरजीत 10,000 विनियोग 10,000
राही 8,000 लाभ व हानि 7,500
  86,000   86,000

31 मार्च, 2020 को फर्म का विघटन निम्न शर्तों पर हुआ:

(1) सुरजीत ने विनियोगों को 8,000 रूपये में लिया और वह श्रीमती सुरजीत के ऋण का भुगतान करेगा।

(2) अन्य परिसंपत्तियों से वसूली निम्न हैं:

स्टॉक

5,000 रू.

देनदार

18,500 रू.

फर्नीचर

4,500 रु.
संयंत्र  25,000

(3) वसूली व्यय की राशि 1,600 रूपये है।

(4) लेनदारों ने पूर्ण भुगतान के 37,000 रुपये स्वीकार किए।

(5) आप वसूली खाता, साझेदारों के पूँजी खाते और बैंक खाता तैयार करें।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
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रीटा, गीता और आशीष फर्म में साझेदार हैं, उनका लाभ/हानि विभाजन अनुपात 3: 2: 1 है। 31 मार्च, 2017 को उनका तुलन पत्र इस प्रकार है:

31 मार्च, 2017 को रीटा, गीता और आशीष का तुलन पत्र

दायित्व  

राशि (रू.)

परिसंपत्तियाँ राशि (रू.)
पूँजी:     रोकड़ 22,500
रीटा 80,000 1,60,000 देनदार 52,300
गीता 50,000 स्टॉक 36,000
आशीष 30,000 विनियोग 69,000
लेनदार   65,000 संयंत्र 91,200
देय विपत्र   26,000    

सामान्य संचय

  20,000    
    2,71,000   2,71,000

ऊपर दी गई तिथि को फर्म का विघटन हो गया।

1. रीटा को परिसंपत्तियों की वसूली के लिए नियुक्त किया गया। रीटा को परिसंपत्तियों की वसूली के लिए 5% कमीशन (रोकड़ के अतिरिक्त) मिलेगा और वह सारे वसूली व्यय करेगी।

2. परिसंपत्तियों से वसूली निम्न है:

देनदार 30,000 रू
स्टॉक 26,000 रू
संयंत्र 42,750 रू

3. विनियोग से पुस्तक मूल्य के 85% की वसूली हुई।

4. वसूली व्यय की राशि 4,100 रुपये है।

5. फर्म ने बकाया वेतन 7,200 रूपये का भुगतान किया जिसका प्रावधान पहले नहीं किया गया था।

6. एक विपत्र बैंक से छूट के संबंध में आकस्मिक दायित्व है जिसका भुगतान 9800 रूपये किया गया। वसूली खाता, साझेदारों के पूँजी खाते, रोकड़ खाता तैयार करें।

[5] साझेदारी फर्म का विघटन
Chapter: [5] साझेदारी फर्म का विघटन
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